मैनपुर क्षेत्र के गौरघाट, देहारगुड़ा, गिरहोला समेत कई गांवों के सैकड़ों ग्रामीणों ने किया अनोखा प्रदर्शन, सड़क मरम्मत नहीं होने पर चक्काजाम की चेतावनी
गजानंद कश्यप छत्तीसगढ़ न्यूज डेस्क छत्तीसगढ़
गरियाबंद_ जिले के आदिवासी विकासखंड मैनपुर क्षेत्र में जर्जर प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) की सड़क को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। गौरघाट, देहारगुड़ा, गिरहोला, आमागुड़ा, सिंहार और रामपारा सहित आसपास के गांवों के सैकड़ों ग्रामीणों ने सड़क पर उतरकर शासन-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
ग्रामीणों ने विरोध का अनोखा तरीका अपनाते हुए सड़क के बड़े-बड़े गड्ढों और जलभराव के बीच धान के पौधे रोपे, वहीं सड़क किनारे बेशरम के पौधे लगाकर जिम्मेदार विभाग के खिलाफ अपना आक्रोश जताया।
ग्रामीणों का आरोप है कि इस सड़क का निर्माण वर्ष 2018 में शुरू हुआ था और करीब तीन साल में निर्माण पूरा हुआ। लेकिन सड़क बनने के कुछ समय बाद ही जगह-जगह से उखड़ने लगी और बड़े-बड़े गड्ढे बन गए। ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने कई बार संबंधित अधिकारियों से सड़क मरम्मत की मांग की, लेकिन समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ।
स्कूली बच्चों को भी हो रही परेशानी
ग्रामीणों के मुताबिक इस मार्ग से प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आवागमन करते हैं। मार्ग में कई स्कूल भी स्थित हैं, जहां आसपास के गांवों से बच्चे पढ़ने पहुंचते हैं। सड़क पर बने गड्ढों के कारण आए दिन दुर्घटना का खतरा बना रहता है।
ग्रामीणों का कहना है कि एक ओर शासन-प्रशासन ग्रामीण क्षेत्रों में विकास के दावे कर रहा है, वहीं दूसरी ओर जमीनी स्तर पर सड़क की हालत बदहाल बनी हुई है।
जल्द मरम्मत नहीं हुई तो चक्काजाम की चेतावनी
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द से जल्द जर्जर सड़क की जांच और मरम्मत नहीं कराई गई तो वे उग्र आंदोलन और चक्काजाम करने के लिए मजबूर होंगे।
इस दौरान सोहन नागेश, पवन दीवान, महेश दीवान, रंजित सिंह दीवान, संजय दीवान, लिलाधर दीवान, हुमनसिंग, पालसिंग, छबिराम, गुमान सिंग, गोवर्धन नागेश, केसर नेगी, पिलेश्वर ध्रुवा, रेमनसिंह दीवान, राजू सेन, सिलेश्वर, भारत कुलदीप, धनेश मरकाम, दुलचंद मरकाम, यशकुमार दीवान, हेमंत दीवान, मेघलाल यादव, शोभाराम मरकाम, पानसिंग दीवान, भरत दीवान, नकछेड़ा दीवान, सेवनलाल सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।


