वर्तमान में ₹19,500 प्रतिमाह मिल रहा मानदेय; प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी और लागू होने की तारीख का इंतजार
गजानंद कश्यप छत्तीसगढ़ न्यूज डेस्क छत्तीसगढ़
रायपुर_ छत्तीसगढ़ के करीब 7,900 नगर सैनिकों के लिए मानदेय बढ़ोतरी को लेकर राहत भरी खबर सामने आई है। राज्य शासन के गृह विभाग ने स्वयंसेवी नगर सैनिकों का कुल मानदेय बढ़ाकर 30,870 रुपये प्रतिमाह करने की अनुशंसा की है। प्रस्ताव के अनुसार, वर्तमान में 19,500 रुपये प्रतिमाह प्राप्त कर रहे नगर सैनिकों को मूल मानदेय, महंगाई भत्ता और वर्दी धुलाई भत्ता मिलाकर 30,870 रुपये दिए जाने का प्रस्ताव है। हालांकि, इस संबंध में शासन की अंतिम स्वीकृति और नई दर से भुगतान शुरू होने की तारीख अभी स्पष्ट नहीं है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के निर्देश तथा गृह मंत्री विजय शर्मा के मार्गदर्शन में की गई इस पहल से नगर सैनिकों को आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है। नगर सैनिक प्रदेश में कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अग्निशमन, आपदा प्रबंधन और अन्य आवश्यक सेवाओं में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
मूल मानदेय ₹19,500, महंगाई भत्ता ₹11,310
प्रस्तावित मानदेय की गणना तीन मदों को मिलाकर की गई है। इसके तहत मूल मानदेय 19,500 रुपये प्रतिमाह, 58 प्रतिशत की दर से महंगाई भत्ता 11,310 रुपये और वर्दी धुलाई भत्ता 60 रुपये शामिल है। इस प्रकार कुल प्रस्तावित मानदेय 30,870 रुपये प्रतिमाह होता है।
इस गणना के आधार पर 30 दिनों के हिसाब से प्रतिदिन औसतन 1,029 रुपये का मानदेय बनता है। हालांकि, वास्तविक भुगतान और पात्रता संबंधी शर्तें शासन के अंतिम आदेश के अनुसार तय होंगी।
पहले भी दो बार बढ़ चुका है मानदेय
छत्तीसगढ़ में नगर सैनिकों के मानदेय में इससे पहले भी बढ़ोतरी की जा चुकी है। वर्ष 2017 में गृह विभाग के आदेश के बाद मानदेय 10,000 रुपये से बढ़ाकर 13,200 रुपये प्रतिमाह किया गया था। इसके बाद 30 मई 2023 को जारी आदेश के तहत 1 अप्रैल 2023 से प्रभावी रूप से 6,300 रुपये की वृद्धि की गई, जिससे मानदेय बढ़कर 19,500 रुपये प्रतिमाह हो गया।
अब नए प्रस्ताव में इसे बढ़ाकर 30,870 रुपये प्रतिमाह करने की अनुशंसा की गई है। यदि प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी मिलती है, तो वर्तमान मानदेय की तुलना में कुल 11,370 रुपये प्रतिमाह की वृद्धि होगी।
न्यायालय के निर्देश और महंगाई को बनाया आधार
मानदेय में संशोधन की अनुशंसा के पीछे न्यायालय के निर्देशों, लगातार बढ़ती महंगाई और नगर सैनिकों की जिम्मेदारियों को प्रमुख आधार बताया गया है। नगर सैनिक विभिन्न परिस्थितियों में पुलिस प्रशासन की सहायता करने के साथ अग्निशमन, आपदा प्रबंधन और अन्य आवश्यक सेवाओं में भी अपनी सेवाएं देते हैं।
ऐसे में प्रस्तावित वृद्धि को नगर सैनिकों की आर्थिक स्थिति में सुधार की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। इससे उनके परिवारों को आर्थिक सहारा मिलने और सेवा के प्रति मनोबल बढ़ने की उम्मीद है।
अंतिम आदेश का इंतजार, भुगतान की तारीख स्पष्ट नहीं
मानदेय बढ़ाने की पहल को लेकर नगर सैनिकों ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और गृह मंत्री विजय शर्मा के प्रति आभार जताया है। हालांकि, फिलहाल सामने आई जानकारी के अनुसार, 30,870 रुपये प्रतिमाह का मानदेय गृह विभाग की अनुशंसा के रूप में बताया गया है।
अब नगर सैनिकों की नजर शासन की अंतिम मंजूरी और आधिकारिक आदेश पर टिकी है। नई दर कब से लागू होगी, बढ़ा हुआ भुगतान किस महीने से मिलेगा और पिछली अवधि का एरियर दिया जाएगा या नहीं—इन सवालों पर आधिकारिक आदेश जारी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

