गजानंद कश्यप छत्तीसगढ़ न्यूज डेस्क छत्तीसगढ़
गरियाबंद_ रक्षाबंधन के पावन पर्व को देवभोग पुलिस ने इस बार महज राखी बांधने तक सीमित नहीं रखा, बल्कि साइबर जागरूकता और नशामुक्ति का संदेश देकर पर्व को यादगार बना दिया। देवभोग थाना परिसर में पुलिस ने ‘साइबर जागृति’ थीम पर विशेष रक्षाबंधन कार्यक्रम आयोजित किया, जिसमें स्थानीय जनप्रतिनिधियों, पत्रकारों, समाजसेवियों और विभिन्न संगठनों के पदाधिकारियों को आमंत्रित किया गया।
कार्यक्रम की शुरुआत साइबर अपराध से बचाव के जरूरी उपायों से हुई। थाना प्रभारी ने मौजूद लोगों को साइबर ठगी के नए-नए तरीकों से सावधान रहने, अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करने, OTP और UPI PIN किसी के साथ साझा नहीं करने सहित ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के महत्वपूर्ण टिप्स दिए।
इसके बाद कार्यक्रम ने भावनात्मक रूप ले लिया। देवभोग थाना की महिला पुलिस बल और ॐ शांति संस्थान की बहनों ने बारी-बारी से उपस्थित लोगों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा। राखी के इस पवित्र बंधन के साथ केवल सुरक्षा का संदेश ही नहीं, बल्कि समाज को नशे और साइबर अपराध से सुरक्षित रखने की जिम्मेदारी भी जोड़ी गई।
रक्षा सूत्र बांधने के बाद बहनों ने सभी को नशे से दूर रहने, साइबर अपराध के प्रति हमेशा सजग रहने और अपने आसपास के लोगों को भी जागरूक करने का संकल्प दिलाया। कार्यक्रम में मौजूद लोगों ने भी संकल्प लिया कि वे खुद साइबर ठगी से बचेंगे और परिवार, मित्रों व समाज के अन्य लोगों को भी इसके प्रति जागरूक करेंगे।
रक्षाबंधन के दिन देवभोग पुलिस की यह पहल भाई-बहन के रिश्ते से आगे बढ़कर समाज की सुरक्षा का संदेश देती नजर आई। पुलिस ने राखी के धागे को जागरूकता और जिम्मेदारी से जोड़ते हुए यह संदेश दिया कि आज के दौर में सुरक्षा सिर्फ घर की चौखट तक सीमित नहीं, बल्कि मोबाइल की स्क्रीन से लेकर समाज को नशे के खतरे से बचाने तक हर स्तर पर सतर्कता जरूरी है।





