गजानंद कश्यप छत्तीसगढ़ न्यूज डेस्क छत्तीसगढ़
गरियाबंद_मेहनत लगन और शिक्षा के प्रति समर्पण से सफलता हासिल करने वाले श्रमिक परिवारों के मेधावी बच्चों को आगे की पढ़ाई के लिए प्रोत्साहित करने छत्तीसगढ़ श्रम विभाग द्वारा मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना संचालित की जा रही है। योजना के माध्यम से पात्र निर्माण श्रमिकों के मेधावी बच्चों को उनकी शैक्षणिक उपलब्धियों के आधार पर आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है।
देवभोग विकासखंड के ग्राम खोकसरा में आयोजित सेवा सेतु शिविर में योजना के अंतर्गत दो मेधावी विद्यार्थियों को प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई। शहीद भीष्म कुमार यदु शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, माड़ागांव की छात्रा भूमेंसुता बीसी ने 75 प्रतिशत अंक प्राप्त किए हैं, जबकि स्वामी आत्मानंद विद्यालय, मुड़ागांव के छात्र स्वागत रंजन नाइक ने 89.66 प्रतिशत अंक हासिल किए हैं। दोनों विद्यार्थियों को योजना के तहत पांच-पांच हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई।सेवा सेतु शिविर में प्रभारी मंत्री श्री दयाल दास बघेल एवं सांसद श्रीमती रूपकुमारी चौधरी ने विद्यार्थियों को प्रोत्साहन राशि प्रदान करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
शिक्षा के लिए आर्थिक संबल
मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना का उद्देश्य पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के मेधावी बच्चों को उच्च शिक्षा के लिए आर्थिक सहयोग उपलब्ध कराना है। योजना के अंतर्गत पंजीकृत निर्माण श्रमिक के प्रथम दो बच्चे पात्र होते हैं। योजना की पात्रता के अनुसार श्रमिक का छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल में कम से कम 90 दिवस पूर्व पंजीकृत होना आवश्यक है। योजना के अंतर्गत पात्रता के अनुसार पांच हजार रुपये से लेकर एक लाख रुपये तक की सहायता राशि प्रदान किए जाने का प्रावधान है। पात्र हितग्राही छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के माध्यम से योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन कर सकते हैं।
श्रम विभाग के ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से योजना के लिए आवेदन की सुविधा उपलब्ध है। आवेदन के दौरान निर्धारित दस्तावेज प्रस्तुत करना आवश्यक होता है। विभागीय पोर्टल पर मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना के लिए प्राचार्य प्रमाण-पत्र का प्रारूप भी उपलब्ध कराया गया है। योजना की पात्रता, आवश्यक दस्तावेज और आवेदन की अद्यतन प्रक्रिया की जानकारी श्रम विभाग के कार्यालय अथवा विभागीय ऑनलाइन पोर्टल से प्राप्त की जा सकती है।
मेहनत को मिला सम्मान, सपनों को मिली नई उड़ान
भूमेंसुता बीसी और स्वागत रंजन नाइक की उपलब्धि यह संदेश देती है कि सीमित संसाधनों के बावजूद मेहनत, लगन और शिक्षा के प्रति समर्पण के बल पर सफलता हासिल की जा सकती है। श्रमिक परिवारों के मेधावी बच्चों को मिलने वाली यह सहायता उनकी आगे की पढ़ाई के लिए आर्थिक संबल प्रदान करने के साथ ही उन्हें अपने सपनों को पूरा करने के लिए प्रेरित करती है।मुख्यमंत्री नोनी बाबू मेधावी शिक्षा सहायता योजना श्रमिक परिवारों के प्रतिभावान बच्चों की मेहनत को प्रोत्साहन देकर उनके बेहतर भविष्य की दिशा में सहयोग का माध्यम बन रही है।

